रफ़ी नगर क़ब्रस्तान को AIMIM ने बनाया प्रचार का अड्डा?
गोवंडी के रफ़ी नगर क़ब्रस्तान में सब्बे बरात के मुबारक मौके पर जहां आम लोग सवाब की नीयत से पानी, शरबत, बिस्कुट वगैरह बांटते नज़र आए, वहीं इस पाक और मुक़द्दस मौके पर सियासत घुस आने का आरोप सामने आया है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) की ओर से क़ब्रस्तान परिसर में एक बड़ा मंच (स्टेज) लगाकर राजनीतिक प्रचार किया जा रहा है। आरोप है कि धार्मिक मौके का इस्तेमाल पार्टी प्रचार के लिए किया जा रहा है, जो कई लोगों को नागवार गुजर रहा है।
कई नागरिकों और समाजसेवियों का मानना है कि क़ब्रस्तान और धार्मिक अवसरों को राजनीति से दूर रखा जाना चाहिए। ऐसे पवित्र स्थानों पर सिर्फ इबादत, दुआ और खिदमत का माहौल होना चाहिए, न कि किसी पार्टी का प्रचार।
स्थानीय निवासियों ने प्रशासन से मांग की है कि इस तरह के मामलों पर सख्ती से नजर रखी जाए और धार्मिक स्थलों को राजनीतिक गतिविधियों से मुक्त रखा जाए, ताकि आपसी सौहार्द और सम्मान बना रहे।
अतीक खान खुद को गरीब उम्मीदवार बनाकर लोगों की सहमति हासिल कर सफल हुए वही शबे बरात के मौके पर स्टेज पर लाखों रुपए खर्च कर प्रचार कर रहे हैं




